
॥ दक्ष दर्पण
हिंदू धर्म में चैत्र व शारदीय नवरात्रि प्रमुख रूप से मनाए जाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इनके अलावा माघ मास में भी नवरात्रि आते हैं, जिन्हें गुप्त नवरात्रि के नाम से जाना जाता हैं। माघ गुप्त नवरात्रि घट स्थापना का दिन व शुभ मुहूर्त :-
माघ गुप्त नवरात्रि 30 जनवरी 2025 गुरुवार से प्रारंभ हो रहे हैं lऐसे में घट स्थापना इस दिन की जाएगी l घट स्थापना का शुभ मुहूर्त सुबह 9:25 मिनट से सुबह 10:46 मिनट तक है lअभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:14 PM मिनट से 12:56 PM मिनट तक होगाl इस दौरान 10 महाविद्याओं मां काली, तारा देवी, त्रिपुर सुंदरी, भुवनेश्वरी, माता छिन्नमस्ता, त्रिपुर भैरवी, मां ध्रुमावती, मां बंगलामुखी, मातंगी और कमला देवी की पूजा अर्चना की जाती हैl
मां दुर्गा की गुप्त नवरात्रि में ऐसे करें पूजा-
- गुप्त नवरात्रि के दौरान आधी रात को मां दुर्गा की पूजा की जाती हैं।
- मां दुर्गा की प्रतिमा या मूर्ति स्थापित कर लाल रंग का सिंदूर और चुनरी अर्पित करें।
- इसके बाद मां दुर्गा के चरणों में पूजा सामग्री को अर्पित करें।
- मां दुर्गा को लाल पुष्प चढ़ाना शुभ माना जाता है।
- सरसों के तेल से दीपक जलाकर ‘ॐ दुं दुर्गायै नमः’ मंत्र का जाप करना चाहिए।
•प्रतिपदा तिथि को माता को घी का भोग लगाएं। इससे रोगी को कष्टों से मुक्ति मिलती हैं एवं शरीर निरोगी होता है।
•द्वितीया तिथि को माता को शक्कर का भोग लगाएं। इससे उम्र लंबी होती है।
•तृतीया तिथि को माता को दूध का भोग लगाएं। इससे सभी प्रकार के दुःखों से मुक्ति मिलती है।
•चतुर्थी तिथि को माता को मालपुआ का भोग लगाएं। इससे समस्याओं का अंत होता है।
•पंचमी तिथि को माता को केले का भोग लगाएं। इससे परिवार में सुख-शांति बनी रहती है।
•षष्ठी तिथि को माता को शहद का भोग लगाएं। इससे धन लाभ होने के योग बनते हैं ।
•सप्तमी तिथि को माता को गुड़ का भोग लगाएं। इससे हर मनोकामना पूरी हो सकती है।
•अष्टमी तिथि को माता को नारियल का भोग लगाएं। इससे घर में सुख-समुद्वि आती है
•नवमी तिथि को माता को विभिन्न प्रकार के अनाज का भोग लगाएं। इससे वैभव व यश मिलता है।
इस बार माघ गुप्त नवरात्रि 30 जनवरी 2025 से 07 फरवरी 2025 तक रहेंगे |
आवश्यकता है कि पूर्ण श्रद्धा और आस्था से मां की पूजा अर्चना करने की और हृदय से उनके प्रति समर्पण करने की यह तम का नाश कर ज्योति स्वरूप जीवन में प्रकाश भर देती है l यह अभय प्रदान करने वाली अकाल मृत्यु हारने वाली वह सभी रोगों को दूर करने वाली है l समूचा जगत उन्हें मां कहकर पुकारता हैl तो भला यह अपने बच्चों की पुकार को अनसुना करेगी क्या कभी नहीं इसलिए पूरे मन से मां की आराधना करो और मन वंचित फल के अधिकारी बनो यही प्रार्थना है मां दुर्गा आपके सभी स्वपन इच्छाएं प्रतिबद्धता पूर्ण हो शुभ हो कर्मों में वृद्धि हो आपकी चेतना शक्ति जागृत रहे ऐसी कामना है l
