
(प्रेमलता (पार्षद)
(दक्ष दर्पण समाचार सेवा
(पुनीत महाजन) चंडीगढ़ ।
चंडीगढ़ नगर निगम की हाउस मीटिंग में वार्ड नंबर 23 से कांग्रेस पार्षद श्रीमती प्रेमलता द्वारा उठाए गए दो अहम मुद्दों पर सदन ने सर्वसम्मति से मुहर लगा दी। ये दोनों प्रस्ताव सीधे तौर पर आम नागरिकों, खासकर महिलाओं और छोटे व्यापारियों से जुड़े हुए हैं, जिससे इन्हें काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मीटिंग के दौरान पार्षद प्रेमलता ने शहर के विभिन्न सेक्टरों में लगने वाली अस्थायी मंडियों की स्थिति पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इन मंडियों में रोजाना बड़ी संख्या में लोग खरीदारी करने पहुंचते हैं, जिनमें महिलाओं की संख्या भी काफी अधिक होती है। इसके बावजूद वहां शौचालय जैसी बुनियादी सुविधा का अभाव है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने मांग की कि इन मंडियों में टेम्परेरी मोबाइल टॉयलेट की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि लोगों को स्वच्छ और सुरक्षित सुविधा मिल सके। इस प्रस्ताव को सदन ने गंभीरता से लेते हुए सर्वसम्मति से पास कर दिया।
इसके अलावा, पार्षद प्रेमलता ने छोटे दुकानदारों, रेहड़ी-फड़ी वालों और वेंडर्स को अस्थायी पानी एवं सीवरेज कनेक्शन लेने में आने वाली जटिलताओं का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि वर्तमान प्रक्रिया काफी जटिल और समय लेने वाली है, जिसके कारण छोटे व्यापारियों को बार-बार दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ते हैं।
उन्होंने अधिकारियों से अपील की कि इस प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और तेज बनाया जाए, ताकि जरूरतमंद लोगों को समय पर सुविधा मिल सके।
इस पर सदन ने सकारात्मक रुख अपनाते हुए प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित किया और संबंधित विभाग के अधिकारियों—एसडीओ और जेई—को स्पष्ट निर्देश जारी किए। निर्देशों के अनुसार, अब हर शनिवार सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक संबंधित सेक्टरों के कम्युनिटी सेंटर में अधिकारी उपस्थित रहेंगे। इस दौरान वे मौके पर ही दुकानदारों और वेंडर्स को पानी और सीवरेज कनेक्शन की सुविधा उपलब्ध कराएंगे, जिससे प्रक्रिया आसान और समयबद्ध हो सकेगी।
मीटिंग के बाद पार्षद प्रेमलता ने कहा कि यह फैसला शहर के आम लोगों और छोटे व्यापारियों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगा। उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता हमेशा जमीनी स्तर की समस्याओं को उठाकर उनका समाधान करवाना रही है, और आगे भी वे इसी दिशा में काम करती रहेंगी।
नगर निगम के इस फैसले को शहर में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है, जिससे खासकर अस्थायी बाजारों और छोटे कारोबारियों को सीधा लाभ मिलेगा।
