
दक्ष दर्पण
देहरादून। सेवा संकल्प अभियान के तहत पूरे देश में शिक्षण संस्थानों में मेरे सपनों का भारत पर चल रही प्रतियोगिताओं में देहरादून के सोशल बलूनी पब्लिक स्कूल की छात्रा अस्मिता घिल्डियाल के शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों के सामने हुए भाषण ने पूरे देश में धमाल मचा दिया है।
विगत दिवस सोशल बलूनी पब्लिक स्कूल में हुए कार्यक्रम में कक्षा आठवीं की छात्रा अस्मिता घिल्डियाल ने मेरे सपनों का भारत पर बोलते हुए कहा कि मुझे ऐसा भारत चाहिए जिसमें शिक्षा केवल पेट भरने का साधन न होकर स्वाभिमान और चरित्र निर्माण का मार्ग बनाए, छात्रा ने यह भी कहा कि मेरे सपनों के भारत में शिक्षा अमीर और गरीब को एक हिसाब से मिलनी चाहिए।
कार्यक्रम में उपस्थित शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों ने अस्मिता के सटीक तार्किक एवं भारतीय सभ्यता और संस्कृति के मूल में शिक्षा व्यवस्था की वकालत पर आधारित वक्तव्य की हार्दिक प्रशंसा करते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य पंकज नौटियाल और मैनेजिंग डायरेक्टर विपिन बलूनी को बधाई दी।
स्मरणीय है कि अस्मिता घिल्डियाल वर्तमान में शिक्षा एवं संस्कृत शिक्षा के सहायक निदेशक आचार्य डॉ चंडी प्रसाद घिल्डियाल “दैवज्ञ” की सुपुत्री हैं, और वह अपनी कक्षा में पढ़ाई में अब्बल रहने के साथ-साथ विभिन्न पाठ्य सहगामी क्रियाकलापों में अग्रणी भूमिका निभाती है।
