
प्रशासन से की मांग—पात्र नागरिकों के प्रमाण-पत्र समयबद्ध तरीके से बनें, लोगों को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें
“प्रमाण-पत्र के अभाव में किसी बच्चे या युवा का भविष्य न रुके”
दक्ष दर्पण
चंडीगढ़। ऑल इंडिया अम्बेडकर महासभा (रजि.) चंडीगढ़ प्रदेश के अध्यक्ष का प्रभार संभालते ही राजबीर सिंह भारतीय ने चंडीगढ़ में अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) एवं अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के प्रमाण-पत्र बनवाने में आ रही कठिनाइयों का मुद्दा उठाते हुए चंडीगढ़ प्रशासन एवं प्रशासक से इसके शीघ्र समाधान की मांग की है।
राजबीर भारतीय ने कहा कि SC, ST और OBC प्रमाण-पत्र विद्यार्थियों, युवाओं, रोजगार चाहने वाले लोगों तथा जरूरतमंद परिवारों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण दस्तावेज हैं। इनके अभाव में कोई पात्र व्यक्ति शिक्षा, छात्रवृत्ति, आरक्षण, सरकारी नौकरी अथवा अन्य सरकारी योजनाओं के लाभ से पीछे न रह जाए, इसके लिए प्रमाण-पत्र जारी करने की प्रक्रिया को सरल और समयबद्ध किया जाना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि यदि प्रमाण-पत्र बनाने में सत्यापन, पुराने रिकॉर्ड या किसी प्रशासनिक प्रक्रिया के स्तर पर कोई दिक्कत आ रही है तो उसका समाधान प्रशासनिक स्तर पर किया जाना चाहिए। आम नागरिकों को एक प्रमाण-पत्र के लिए बार-बार अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं कटवाए जाने चाहिए।
स्थानीय दस्तावेजों से हो सत्यापन
राजबीर सिंह भारतीय ने सुझाव दिया कि जो व्यक्ति लंबे समय से चंडीगढ़ में रह रहा है और यहां SC, ST अथवा OBC प्रमाण-पत्र के लिए आवेदन करता है, उसके आधार कार्ड, वोटर कार्ड, निवास प्रमाण-पत्र तथा अन्य उपलब्ध सरकारी दस्तावेजों को भी सत्यापन प्रक्रिया से जोड़ा जाए।
उन्होंने कहा कि इससे संबंधित विभाग को आवेदक के निवास, पहचान और अन्य आवश्यक विवरणों के सत्यापन में सुविधा मिल सकती है तथा पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सरल और सुगम बन सकती है। आवश्यकता के अनुसार उपलब्ध सरकारी रिकॉर्ड और सक्षम अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर भी सत्यापन कराया जा सकता है।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि फर्जी प्रमाण-पत्रों पर रोक लगाने के लिए जांच पूरी तरह जरूरी है, लेकिन वास्तविक पात्र व्यक्ति को अनावश्यक प्रक्रिया में उलझाना उचित नहीं है। प्रशासन ऐसी व्यवस्था बनाए जिसमें सत्यापन मजबूत रहे और पात्र व्यक्ति को प्रमाण-पत्र निर्धारित समय में मिल सके।
राष्ट्रीय अध्यक्ष को भी कराया समस्या से अवगत
राजबीर भारतीय ने बताया कि उन्होंने चंडीगढ़ में SC, ST और OBC प्रमाण-पत्रों से संबंधित समस्याओं से ऑल इंडिया अम्बेडकर महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राकेश बहादुर को भी अवगत कराया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने अपने स्तर पर चंडीगढ़ प्रशासन से संपर्क कर समस्या के समाधान के लिए आवश्यक प्रयास करने का भरोसा दिलाया है।
उन्होंने कहा कि बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर का सपना समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सरकार की नीतियों और योजनाओं का लाभ पहुंचाना था। यह तभी संभव है जब पात्र SC, ST और OBC वर्ग के नागरिकों को उनके जरूरी प्रमाण-पत्र समय पर और बिना अनावश्यक परेशानी के उपलब्ध हों।
राजबीर सिंह भारतीय ने चंडीगढ़ प्रशासन एवं प्रशासक से आग्रह किया कि SC, ST और OBC प्रमाण-पत्रों की प्रक्रिया की व्यावहारिक समीक्षा कर सरल, पारदर्शी और समयबद्ध व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी भी पात्र बच्चे, विद्यार्थी, युवा अथवा रोजगार चाहने वाले नागरिक का भविष्य प्रमाण-पत्र की देरी के कारण प्रभावित न हो।
