दक्ष दर्पण समाचार सेवा
पंचकुला, 2 जून सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के आशीर्वाद से पंचकूला स्थानीय सेक्टर 9 स्थित संत निरंकारी सत्संग भवन में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें 191 श्रद्धालुओं ने रक्दान कर अपना योगदान दिया। रक्तदान शिविर का उद्घाटन चंडीगढ ज़ोन के जोनल इंचार्ज श्री ओ. पी. निरंकारी जी ने अपने कर कमलों द्वारा किया।
इस अवसर पर रक्तदातायों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि रक्तदान की यह मुहिम 1986 से लगातार चलती आ रही है। अब तक लगभग 9 हज़ार से अधिक रक्तदान शिविर लगाए जा चुके हैं।
निरंकारी श्रद्धालुओं का इतनी गर्मी के बावजूद केवल सतगुरु के प्रति समर्पण भाव ही है कि वो इतनी अधिक गिनती में रक्तदान करने पहुंचे हैं। सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज भी बाबा हरदेव सिंह जी के उस कथन “मानव रक्त नालियों में नहीं, नाड़ियों में बहना चाहिए” को जीवन मे रक्तदान करने की प्रेरणा दे रहे हैं। मानव रक्त का कोई विकल्प नहीं है। उन्होंने कहा कि रक्त के कई घटक हैं जिसमें प्लाज्मा, प्लेटलेट्स तथा होल ब्लड के रूप में विशेष तौर पर थैलेसीमिया के मरीजों के प्रयोग में आता है। मानव रक्त का कोई विकल्प नहीं है। केवल एक मानव ही दूसरे मानव को रक्तदान कर सकता है। यह बहुत कीमती दान है। इसके अतिरिक्त भी मानव कल्याण के कई कल्याणकारी कार्यक्रम निरंकारी मिशन द्वारा किये जा रहे हैं। सतगुरु माता जी के निर्दशानुसार के अनुसार 5 जून को पहाड़ो की स्वच्छता के लिए भी स्वच्छता अभियान किया जाएगा।
पंचकुला के संयोजक श्री एस.के. सोनी जी ने चंडीगढ ज़ोन के जोनल इंचार्ज श्री ओ. पी. निरंकारी जी, पीजीआई के डॉ सुचेत सहदेव के नेतृत्व में 14 सदस्यीय टीम व नागरिक अस्पताल सेक्टर 6 के डॉ
अमित के नेतृत्व में आई 12 सदस्यीय टीम, रक्तदाताओं का अभिनंदन व आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज यही प्रेरणा दे रहे हैं कि प्रभु परमात्मा द्वारा दिए गए इस शरीर में उपलब्ध रक्त को किसी जरूरतमंद को अवश्य दें। बाबा हरदेव सिंह महाराज ने लोगों में व्याप्त ईर्ष्या, द्वेष, वैर के कारण रक्त नालियों में बह जाता है, वह मानव की नसों में बहे उसी को चिरतार्थ मिशन के सभी श्रद्धालु कर रहे हैं।
इस अवसर पर क्षेत्रीय संचालक राजेश गौड़, संचालक रविंद्र भुल्लर सहित सभी सेवादल के सदस्यों ने रक्तदान शिविर में योगदान किया।
