
दक्ष दर्पण समाचार सेवा dakshdarpan2022@gmail.com। कांग्रेस ने भी थोड़ा भाजपा की तरह सोचना और करना शुरू कर दिया है। हरियाणा की बात करें तो जहां आम आदमी पार्टी ने इंडिया गठबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए
सीट शेयरिंग में कुरुक्षेत्र की एक सीट लेकर पार्टी प्रत्याशी के माध्यम से अपना जनसंपर्क अभियान शुरू कर दिया है ऐसे ही दो संभावनाएं और नजर आने लगी हैं ।एक है बहुजन समाज पार्टी के लिए एक रिजर्व सीट छोड़कर गठबंधन करना और दूसरा है इंडियन नेशनल लोकदल को इंडिया गठबंधन में शामिल करके उसके लिए भी एक या दो सीट छोड़कर चुनाव लड़ना ।कांग्रेस ऐसा करके हरियाणा में भारतीय जनता पार्टी को बैक फुट पर लाने का काम कर सकती है। कांग्रेस सिरसा या हिसार या दोनों या फिर कोई और सीट इंडियन नेशनल लोकदल के लिए छोड़ने का फैसला कर ले तो दोनों दलों को लाभ हो सकता है और इससे भाजपा का 10 की 10 सीट जीतने का दावा हवा होता नजर आ सकता है। पता चला है कि दोनों पार्टियों के नेता उपरोक्त संभावना पर काम कर सकते हैं ।अभी चैप्टर क्लोजं नहीं हुआ है
कुछ लोगों का मानना है कि कांग्रेस एक रणनीति के तहत भिवानी महेंद्रगढ़ की सीट भी इंडियन नेशनल लोकदल के लिए छोड़ दे तो कांग्रेस के अपने कई झमेले समाप्त हो जायेंगे। इंडियन नेशनल लोकदल को दो और आम आदमी पार्टी को एक सीट देकर कांग्रेस को 7 सीटों पर लाभ हो सकता है। इंडियन नेशनल लोकदल को अब कांग्रेस की मदद करने में कोई दिक्कत नहीं है एक अनुमान के अनुसार इंडियन नेशनल लोकदल के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में एवरेज 5000 वोट कांग्रेस प्रत्याशियों के काम आ सकते हैं ।
