कांग्रेस के सत्ता में आने के मिल रहे हैं पुख्ता सबूत ।विद्रोही।

0 minutes, 3 seconds Read
Spread the love

दक्ष दर्पण समाचार सेवा dakshdarpan2022@gmail.com चण्डीगढ़ स्वयंसेवी संस्था ग्रामीण भारत के अध्यक्ष एवं हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता वेदप्रकाश विद्रोही ने दावा किया कि पूरे हरियाणा में भाजपा-जजपा सहित विभिन्न दलों के जमीन से जुड़े कार्यकर्ता जिस तरह कांग्रेस में हर रोज शामिले हो रहे है, वह प्रदेश की सत्ता से भाजपा-जजपा के जाने व कांग्रेस के 2024 विधानसभा चुनाव मेें सत्ता मेें आने का पुख्ता संकेत है। विद्रोहीे ने कहा कि वर्ष 2014 व 2019 के विधानसभा व लोकसभा चुनावों में हरियाणा में कांग्रेस का जो परम्परागत मतदाता कांग्रेस से अलग हो गए थे, अब वे फिर से कांग्रेस के पक्ष में लामबद्ध होने लगे है। पिछडे, दलित, कमजोर व गरीब तबके के जो मतदाता किन्ही कारणों से वर्ष 2014 व 2019 चुनावों में कांग्रेस से हटकर भाजपा पक्ष में चले गए थे, अब कमेरे तबके के उन मतदाताओं को एहसास हो गया है कि भाजपा-संघ उनके वैचारिक विरोधी, शोषक वर्ग से सम्बन्धित राजनीतिक ताकत है जिनकी सत्ता में उनको अपमान, शोषण व भेदभाव के अलावा उन्हे कुछ नही मिलने वाला। इसी एहसास के मध्यनजर पिछडे, दलित, शोषित वर्ग के मतदाता प्रदेश में फिर से कांग्रेस सरकार बनाने को धीरे-धीरे लामबद्ध हो रहे है। 

विद्रोही ने कहा कि आम मतदाता की इसी सोच के चलते बूथ, गांव, मौहल्ला स्तर के कार्यकर्ता व जिला, हल्का स्तर के नेता भाजपा-जजपा व अन्य दलों को छोडकर हर रोज कांग्रेस में शामिल हो रहे है। चुनाव जिताने में निचले स्तर के सक्रिय कार्यकर्ता ही अहम भूमिका निभाते है। कांग्रेस फिर से हरियाणा में अपना पुख्ता गौरव पाने जिस शिदत से निचले स्तर के कार्यकर्ताओं व नेताओं को कांग्रेस से जोड रही है, उससे कांग्रेस दिन-प्रतिदिन मजबूत होती जा रही है। वहीं कांग्रेस नेतृत्व जमीन से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता देकर स्पष्ट कर रहा है कि उनकी प्राथमिकता आमजन को सामाजिक, आर्थिक, शैक्षणिक रूप से मजबूत करके उनके चहुुंमुखी सर्वागीण विकास की है। विद्रोही ने कहा कि हरियाणा में कांग्रेस के परम्परागत मतदाताओं का कांग्रेस के प्रति फिर से बढ़ता समर्थन कांग्रेस व प्रदेश की राजनीति के लिए एक बहुत सकारात्मक व शुभ संकेत है जिससे एकबार फिर से हरियाणा में कांग्रेस का राज आना तो तय हो ही रहा है, साथ में हरियाणा को भी साम्प्रदायिक उन्माद, नफरत, जुमलों, षडयंत्रों के राजनीतिक कुचक्र से निकालकर फिर से विकास व सर्वजन सुखाय-सर्वजन हिताय के रास्ते पर फिर से मजबूती से दौड सकेगा।

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *